UK Conservative Party Leader; Kemi Badenoch | Rishi Sunak | सुनक की जगह लेंगी केमी बेडेनॉक: किसी ब्रिटिश पार्टी की लीडर बनने वाली पहली अश्वेत महिला; PM स्टार्मर बोले- देश के लिए गर्व की बात

[ad_1]

लंदन1 घंटे पहले

  • कॉपी लिंक

केमी बेडनोक से हारने के बाद उन्हें बधाई देते हुए कंजर्वेटिव पार्टी के रॉबर्ट जेनरिक।

ब्रिटेन की सबसे बड़ी पार्टियों में एक कंजर्वेटिव पार्टी में अब ऋषि सुनक की जगह एक अश्वेत महिला केमी बेडेनॉक लेंगी। उन्हें ब्रिटेन की कंजर्वेटिव पार्टी की लीडर के तौर पर चुना गया है। ब्रिटेन में इस पद को हासिल करने वाली वे पहली अश्वेत महिला हैं। 44 साल की बेडेनॉक ने पार्टी लीडर के पद के लिए हुए चुनाव में 57% वोट हासिल किए और रॉबर्ट जेनरिक को हराया।

विपक्षी लेबर पार्टी के नेता और ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टारमर ने भी बेडेनॉक को इस जीत पर बधाई दी। स्टारमर ने कहा कि किसी अश्वेत महिला का पार्टी का लीडर चुना जाना पूरे देश के लिए गर्व की बात है।

वहीं, बेडेनॉक ने कहा है कि वे अपनी जातीय पहचान को ज्यादा अहमियत देना पसंद नहीं करती हैं। कंजरवेटिव पार्टी सम्मेलन में जब उनसे इस पर सवाल किया गया, तो उन्होंने कहा कि त्वचा, बालों या आंखों के रंग को ज्यादा महत्व नहीं दिया जाना चाहिए।

44 साल की बेडेनॉक ने पार्टी लीडर के पद के लिए हुए चुनाव में 57% वोट हासिल किए और रॉबर्ट जेनरिक को हराया।

44 साल की बेडेनॉक ने पार्टी लीडर के पद के लिए हुए चुनाव में 57% वोट हासिल किए और रॉबर्ट जेनरिक को हराया।

केमी ने पार्टी में बदलाव का वादा किया चुनाव जीतने के बाद बेडेनॉक ने वादा किया कि वे पार्टी में फिर से जान डालेंगी। उन्होंने कहा, “अब सच्चाई बताने का समय आ गया है।” दरअसल, जुलाई में पूर्व प्रधानमंत्री ऋषि सुनक के नेतृत्व में कंजर्वेटिव पार्टी को चुनाव में हार मिली थी।

बेडेनॉक के नेतृत्व में कंजर्वेटिव पार्टी में बदलाव की उम्मीद की जा रही है। केमी ने वादा किया है कि वे चुनाव जीतने के बाद पार्टी को उसके मूल सिद्धांतों पर वापस लाएंगी।

सुनक ने जुलाई में हुए चुनाव में हार की जिम्मेदारी खुद पर ली थी।

सुनक ने जुलाई में हुए चुनाव में हार की जिम्मेदारी खुद पर ली थी।

कौन हैं केमी बेडेनॉक केमी का जन्म 1980 में लंदन के विंबलडन में हुआ था और उनकी परवरिश नाइजीरिया में हुई। कुछ समय बाद वे पढ़ाई के लिए लंदन वापस आईं। महज 16 साल की उम्र में पढ़ाई के साथ-साथ वे मेक डोनाल्ड्स में काम किया करती थीं।

इसके बाद बेडेनॉक ने यूनिवर्सिटी ऑफ ससेक्स से कंप्यूटर साइंस में ग्रेजुएशन किया। उन्होंने बैंकिंग की फील्ड से अपने करियर की शुरुआत की। लेकिन पॉलिटिक्स में आने के लिए बेडेनॉक ने बैंकिंग छोड़ दी। 25 साल की उम्र में उन्होंने कंजर्वेटिव पार्टी जॉइन की।

पहले उन्होंने लंदन असेंबली में सेवा दी, फिर 2017 में संसद सदस्य चुनी गईं। दो साल बाद, पूर्व प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन ने उन्हें चिल्ड्रेन एंड फैमिलीज के लिए संसदीय राज्य मंत्री नियुक्त किया। 2021 में उन्हें समानता मंत्री बनाया गया और 2022 में उन्हें अंतरराष्ट्रीय व्यापार की सचिव नियुक्त किया गया।

———————————

ब्रिटेन की पॉलिटिक्स से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें…

भारतवंशी ऋषि सुनक हारे: रिची-रिच वाली लाइफ स्टाइल, किंग चार्ल्स से अमीर इंडियन वाइफ; किन 5 वजहों से गंवाई सत्ता

तारीख 25 अक्टूबर 2022, ऋषि सुनक 10 डाउनिंग स्ट्रीट यानी ब्रिटेन के प्रधानमंत्री आवास में पत्नी और कुत्ते के साथ पहला कदम रखते हैं। उन्हें पार्टी की अंतर्कलह की वजह से प्रधानमंत्री की कुर्सी मिली थी।ठीक 620 दिन बाद 5 जुलाई 2024 को सुनक लंदन की उसी 10 डाउनिंग स्ट्रीट से अपने पत्नी के साथ बाहर आए और हार कबूल कर ली। पूरी खबर यहां पढ़ें…

खबरें और भी हैं…

[ad_2]

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *