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माले16 मिनट पहले
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मोहम्मद मुइज्जु के पास संसद में बहुमत नहीं है। यही वजह है कि वो कैबिनेट से मिनिस्टर्स के लिए अप्रूवल नहीं ले सके हैं। (फाइल)
मालदीव के चीन समर्थक राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जु की कुर्सी खतरे में पड़ सकती है। लोकल मीडिया आउटलेट ‘द सन’ की रिपोर्ट के मुताबिक- दो पार्टियां मुइज्जु के खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव लाने की तैयारी कर रही हैं।
मालदीव की संसद में कुल 87 सांसद हैं। इनमें से 34 महाभियोग लाने के लिए तैयार हैं। रविवार को संसद में एंट्री और मुइज्जु कैबिनेट के कुछ नामों को लेकर काफी बवाल और मारपीट हुई थी। इसके अगले दिन यानी सोमवार को महाभियोग प्रस्ताव लाने की बात सामने आई।
दो पार्टियां साथ
- रिपोर्ट के मुताबिक- मुख्य विपक्षी दल मालदीवियन डेमोक्रेटिक पार्टी (MDP) के पास संसद में बहुमत है। उसने महाभियोग के लिए जरूरी सांसदों का समर्थन लिखित तौर पर हासिल कर लिया है। इसके एक सांसद ने नाम न बताने की शर्त पर कहा- हम कुछ और सांसदों से बातचीत के बाद महाभियोग लाने की तारीख पर फैसला करेंगे। अब तक MDP और डेमोक्रेटिक पार्टी के कुल 34 सांसद हमारे साथ हैं।
- रिपोर्ट के मुताबिक- विपक्ष की नाराजगी मुइज्जु के तानाशाही रवैये को लेकर बढ़ गई। दरअसल, प्रेसिडेंट ने अली हुसैन को होम मिनिस्टर नॉमिनेट किया है। विपक्ष इसके सख्त खिलाफ है। इसके अलावा घसाम मामून को डिफेंस मिनिस्टर अपॉइंट किया गया है। इन दोनों ही नामों को लेकर विपक्ष और यहां तक कि सत्ता पक्ष के कई सांसद नाराज हैं। इसी वजह से रविवार को संसद में जबरदस्त हंगामा और मारपीट हुई। दो दिन से संसद के बाहर पुलिस तैनात है।

मालदीव के राष्ट्रपति मुइज्जु अब विपक्षी पार्टियों के सांसदों को अपने पाले में लाकर कुर्सी बचाने की कोशिश कर रहे हैं। (फाइल)
स्पीकर के कान पर हॉर्न बजाए
- रविवार को कुछ सांसद अपने सांसद मुंह से बजाए जाने वाले बिगुल (या हॉर्न) लेकर आए थे। वो स्पीकर की चेयर के पास पहुंचे और उनके कान के पास इन्हें बजाने लगे। इन सांसदों का आरोप है कि स्पीकर एकतरफा फैसले कर रहे हैं।
- इसके बाद मुइज्जु के समर्थक और विरोधी सांसद गुत्थमगुत्था हो गए। इसके वीडियो फुटेज वायरल हुए। मुइज्जु को जब लगा कि उन्हें इन मंत्रियों के अपॉइंटमेंट पर अप्रूवल नहीं मिलेगा तो उन्होंने गार्ड्स को हुक्म दिया कि विरोधी सांसदों को पार्लियामेंट के मेन हॉल में एंट्री ही न दी जाए।
- मुइज्जु के अलायंस में PNC और PPP हैं। इनका आरोप है कि विपक्ष देश में सभी काम रोकने की साजिश रच रहा है। प्रेसिडेंट के एडवाइजर अब्दुल रहमान ने कहा- अगर विपक्ष ने मंत्रियों के अपॉइंटमेंट को अप्रूवल नहीं दिया तो हम उन्हें री-अपॉइंट कर सकते हैं।
भारत का एंगल भी मौजूद
हाल ही में मालदीव की दो विपक्षी पार्टियों ने सरकार के भारत विरोधी रवैये की आलोचना की थी। MDP और डेमोक्रेट्स पार्टी ने जॉइंट स्टेटमेंट में कहा था- भारत ने मालदीव का हर मुश्किल वक्त और जरूरत में साथ दिया है। अब जो फॉरेन पॉलिसी अमल में लाई जा रही है। वो नुकसान पहुंचाएगी। भारत हमारे देश के विकास के हमेशा मदद करता आया है।
संसद का गणित क्या है
- मालदीव के ऑनलाइन न्यूज पोर्टल ‘अधाधु’ के मुताबिक- MDP के पास 43 और डेमोक्रेट्स के पास 13 सांसद हैं। यह संख्या 56 हो जाती है। मालदीव का संविधान कहता है कि अगर 56 सांसदों का समर्थन है तो महाभियोग चलाया जा सकता है।
- दूसरी तरफ, सत्तारूढ़ गठबंधन (PPM-PNC) स्पीकर मोहम्मद असलम और डिप्टी स्पीकर अहमद सलीम (दोनों विपक्षी दल MDP के सांसद) को पद से हटाने के लिए नो-कॉन्फिडेंस मोशन लाने पर अड़ा है। इसके पास 23 सांसदों का समर्थन है।
- MDP ने रविवार को एक व्हिप जारी किया। कहा- मुइज्जु कैबिनेट के चार मंत्रियों का विरोध करें। इनके नाम को अप्रूवल न दें। बहरहाल, आने वाले दिन मालदीव में सियासी हलचल को बढ़ाने वाले साबित होंगे।
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