सिंहासन खाली करो क‍ि जनता आती है…साउथ कोर‍िया में मार्शल लॉ लगाने वाले यून सुक-योल की छिनेगी गद्दी

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दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति यून सुक-योल ने मंगलवार को देश में मार्शल लॉ लगाने की घोषणा की थी, लेकिन अब उनकी गद्दी पर संकट आ गया है. जनता के भारी विरोध के बाद विपक्ष ने उनके ख‍िलाफ इंपीचमेंट मोशन पेश क‍िया है. उनके ख‍िलाफ महाभ‍ियोग चलाया जाएगा, जिसके बाद उनकी सत्‍ता जाने का रास्‍ता साफ हो जाएगा.

महाभियोग प्रस्ताव पेश करने के बाद दक्षिण कोरिया की मुख्य विपक्षी डेमोक्रेटिक पार्टी ने यून की मार्शल लॉ लाने की घोषणा की निंदा की और इसे देशविरोधी कदम बताया. संसद को शनिवार तक इस बात पर मतदान करेगी क‍ि राष्‍ट्पत‍ि यून पर महाभियोग लगाया जाए या नहीं. डेमोक्रेटिक पार्टी की केंद्रीय समिति के सदस्य किम योंग-जिन ने कहा, हम अब लोकतंत्र को ध्वस्त नहीं होने दे सकते. लोगों के जीवन और सुरक्षा की रक्षा की जानी चाहिए. हम यून पर देशद्रोही होने का आरोप लगाना चाहते हैं.

विपक्षी नेता सिर्फ यून से ही नाराज नहीं हैं, वे मंत्री किम योंग-ह्यून और आंतरिक मंत्री ली सांग-मिन के ख‍िलाफ भी कार्रवाई चाहते हैं. दोनों नेताओं ने मार्शल लॉ लगाने पर यू का साथ द‍िया था. जनता के विरोध के बाद यून ने 6 घंटे में मार्शल लॉ का आदेश निरस्‍त कर दिया तो बुधवार को राजधानी सियोल में स्कूल, बैंक और सरकारी कार्यालय सामान्य रूप से काम करते रहे.

दक्ष‍िण कोर‍िया की सड़कों पर रात में भी हजारों लोगों का हुजूम उमड़ा रहा.

ग‍िरफ्तारी के ल‍िए सड़कों पर उतरे लोग
हालांक‍ि, राष्ट्रपति के ख‍िलाफ गुस्‍सा नहीं थम रहा है. देशभर में लोग सड़कों पर हैं और राष्‍ट्रपत‍ि यून के इस्तीफे पर अड़े हुए हैं. उन्‍हें ग‍िरफ्तार करने की मांग हो रही है. लोग नारे लगाते सुने गए क‍ि ‘यून सुक-योल को ग‍िरफ्तार करो.’ दक्षिण कोरिया के सबसे बड़े श्रमिक समूह, कोरियन कन्फेडरेशन ऑफ ट्रेड यूनियन्स ने राष्ट्रपति के पद छोड़ने तक अनिश्चितकालीन हड़ताल पर रहने की कसम खाई है.

रक्षा मंत्री, चीफ ऑफ स्‍टॉफ के इस्‍तीफे 
उधर, साउथ कोर‍िया के रक्षा मंत्री किम योंग-ह्यून ने मार्शल लॉ लगाने की ज‍िम्‍मेदारी लेते हुए अपने पद से इस्‍तीफा दे दिया है. उन्‍होंने भ्रम फैलाने और परेशानी पैदा करने के ल‍िए देश की जनता से माफी मांगी. चीफ ऑफ स्टाफ चुंग जिन-सुक और नेशनल सिक्‍योरिटी एडवाइजर शिन वोन-सिक ने भी अपने पद से इस्‍तीफा दे दिया है. इनके इस्‍तीफे स्‍वीकार क‍िए जाएंगे या नहीं, यह स्‍पष्‍ट नहीं है.

कैसे काम करेगा महाभ‍ियोग
संसद में महाभियोग विधेयक पर‍ित होने के बाद दक्षिण कोरिया की 300 सदस्यीय नेशनल असेंबली के दो-तिहाई सदस्यों को की अनुमत‍ि जरूरी होगी. यानी कम से कम 200 वोट हास‍िल करने होंगे और सबसे खास बात, यह मतदान 72 घंटों के भीतर होना चाहिए. महाभियोग स्वीकृत होने पर राष्ट्रपति को तत्काल अपने पद से निलंबित कर दिया जाएगा, जबकि प्रधानमंत्री कार्यवाहक राष्ट्रपति बन जाएगा.

Tags: South korea, World news

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