[ad_1]
4 घंटे पहले
- कॉपी लिंक
सैंड्रा हेम्मे के जेल से रिहा होने के बाद उनकी बेटी ने उन्हें गले लगाया।
अमेरिका की एक कोर्ट ने 43 साल बाद हत्या के आरोप में एक महिला को बरी कर दिया है। न्यूज एजेंसी AP के मुताबिक महिला नाम सैंड्रा होम है। 64 साल की हेम्मे को 1980 में मिसौरी की लाइब्रेरी में काम करने वाले पेट्रीसिया जेस्के की चाकू मारकर हत्या के मामले में गिरफ्तार किया गया था।
होम के वकील ने बताया कि पुलिस ने उसके मुवक्किल को मर्डर केस में फंसाया था। वह उस वक्त मनोरोगी थी। पुलिस ने उस पर इतना दबाव बनाया कि उनसे हत्या का आरोप स्वीकार कर लिया। होम बिना कोई अपराध के ही 43 सालों तक जेल में बंद रही।
मिसौरी के रिपब्लिकन अटॉर्नी जनरल एंड्रूय बेली, सैंड्रा होम की रिहाई के खिलाफ थे और वे उसकी रिहाई के लिए अड़ंगे लगा रहे थे। इससे नाराज होकर जज ने एंड्रयू बेली से कहा कि अगर आपने होम के खिलाफ लड़ाई जारी रखी तो यह कोर्ट की अवमानना होगी।
होम अमेरिका में अब तक की सबसे लंबे समय तक गलत तरीके से कैद में रहने वाली महिला बन गई है। होम के मामले में 14 जून को फैसला आया था, लेकिन पेपर वर्क में देरी के कारण उनको 19 जुलाई को छोड़ा गया।

ये तस्वीर सैंड्रा होम की है। जब वह 20 साल की थी। जेल अधिकारियों ने पहचान के लिए ली थी।
अटॉर्नी जनरल ने कोर्ट को होम के दो पुराने केस के बारे में बताया पर कोर्ट नहीं माना
अटॉर्नी जनरल एंड्रयू बेली ने कोर्ट को बताया कि होम को 1996 में जेल कर्मचारी पर रेजर ब्लेड से हमला करने के लिए 10 साल की सजा मिली थी। इसके अलावा 1984 में जेल में हिंसा करने के लिए दो साल की सजा मिली थी।
बेली ने आरोप लगाया कि होम खुद के लिए और दूसरों के लिए खतरा है। उसे 996 और 1984 में मिली सजा काटनी चाहिए। लेकिन कोर्ट अटॉर्नी जनरल की एक न सुनी।
होम के बयान के अलावा और कोई सबूत नहीं
अटॉर्नी जनरल बेली ने कहा कि जब 2022 में जांच एजेंसियों ने बेली से मनोरोग अस्पताल में पूछताछ की थी तब उसकी मानसिक हालत ठीक थी। लेकिन इस पर होम के वकील ने कहा कि जब उसने कोई गुनाह नहीं किया है तो फिर इस सब से क्या मतलब।
पुलिस और अटॉर्नी जनरल बेली के पास होम के बयान के अलावा और कोई सबूत नहीं है। इसके बाद कोर्ट ने होम को रिहा कर दिया। होम शुक्रवार को जेल से रिहा होने के बाद एक पार्क में अपने परिवार से मिली। इस दौरान उसने अपनी बेटी को गले लगाया।

अपने परिवार के साथ सैंड्रा होम। उसे 19 जुलाई को रिहा किया गया।
सैंड्रा होम ने नहीं तो किसने की हत्या
सैंड्रा के वकील ने बताया कि होम से पूछताछ के दौरान काफी सारी दवाएं खिलाई जाती थीं। उसे बहुत टॉर्चर किया जाता था। इससे थककर सैंड्रा होम ने हत्या के आरोप को स्वीकार कर लिया था। हालांकि तब उससे हत्या का कारण पूछा गया तो वह कुछ जवाब नहीं दे पाई थी।
बाद में सैंड्रा होम ने अपनी मां को चिट्ठी में बताया कि उसने किसी की हत्या नहीं की है। इसके बाद उसने अपने वकील के साथ बातचीत में खुलासा किया कि उसे धमकी दी गई थी कि अगर उसने आरोप स्वीकार नहीं किया तो उसे उम्रकैद हो जाएगी।
आरोप को स्वीकार करने के बाद सैंड्रा को निर्दोष करार देने के लिए कई याचिका दायर की गई लेकिन ज्यादातर को खारिज कर दिया गया। बाद में इस मामले की जांच में पता चला कि जिस वक्त जेस्के की मौत हुई थी उस वक्त पुलिस डिपार्टमेंट के एक अफसर माइकल होलमैन की गाड़ी उसके घर के पास खड़ी थी।
बाद में होलमैन के खिलाफ हत्या के सबूत मिलने लगे, लेकिन होलमैन की साल 2015 में मौत हो गई। इस वजह से हत्या की पूरी जांच नहीं हो पाई। बाद में सैंड्रा को निर्दोष घोषित कर दिया गया।
[ad_2]
Source link
